देखना ओ गंगा मइया; Dekhna O Ganga Maiya

चंद पैसेदो-एक दुअन्नी-इकन्नीकानपुर-बंबई की अपनी कमाई में सेडाल गए हैं श्रद्धालु गंगा मइया के नामपुल पर से गुजर चुकी है ट्रेननीचे प्रवहमान उथली-छिछली धार मेंफुर्ती से खोज रहे पैसेमलाहों के नंग-धड़ंग छोकरेदो-दो पैरहाथ दो-दोप्रवाह में खिसकती रेत की ले रहे टोहबहुधा-अवतरित चतुर्भुज नारायण ओहखोज रहे पानी में जाने कौस्तुभ मणि।बीड़ी Read more…